रांची। झारखंड भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने सूबे के पुलिस महानिदेशक को ई-मेल के माध्यम से पत्र भेजा है।जिसमें उन्होंने कहा है कि मेरे सलाहकार सुनील तिवारी पर आसन्न खतरा एवं राजनैतिक दुर्भावनापूर्ण बदले की कार्रवाई की आशंका के बारे में हमने अभी हाल में मोबाइल पर हुई बातचीत से आपको अवगत कराया था।

विषयवस्तु गंभीर है। हाल के कई ऐसे मामलों का उदाहरण सामने हैं।जिसमें पुलिस को खतरे की आशंका की लिखित सूचना के बाद भी कुछ नहीं किया गया और प्रभावित व्यक्ति की हत्या हो गई। बाबूलाल मरांंडी ने पत्र में आगे लिठा है कि इस बारे में मैंने भी बीते 14 अगस्त 2023 को मुख्य सचिव को विस्तार पूर्वक जानकारी के साथ पत्र लिखा था। जिसकी कॉपी आपको भी भेजी गई थी।

साथ ही साहिबगंज खनन घोटाला के खिलाफ एफ़आइआर के लिए थाने में लिखकर देने वाले अनुरंजन अशोक को भी पांच दिन पहले मोबाइल पर जान से मारने की धमकी दिए जाने और अनुरंजन द्वारा डोरंडा थाना में शिकायत करने की खबर अख़बारों में देखने को मिली है। आप पुलिस के मुखिया हैं। नियमानुसार आपकी यह ज़िम्मेदारी है कि राज्य में अमन चैन क़ायम रहे, पुलिस क़ानून के आधार पर काम करे। सत्ता पोषित या कोई दूसरे गुंडे-मवाली राज्य में उत्पात नहीं मचायें।राजनैतिक द्वेष से किसी के खिलाफ पुलिस कोई फ़र्ज़ी पीड़क कार्रवाई न करे जैसा कि आये दिन होते देखा जा रहा है। यही वजह है कि माननीय उच्च न्यायालय को पुलिस की पूर्वाग्रह ग्रस्त कार्यशैली के चलते ऐसे कई मामले जांच के लिये सीबीआई के हवाले करना पड़ा है। 

कहा है कि इस पत्र के साथ ही सुनील तिवारी के पिछले सारे पत्र की गंभीरता का अपने स्तर से संज्ञान लें। उनके उनके परिवार की जानमाल की सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ ही राजनैतिक बदले की भावना से पुलिस कोई पीड़क कार्रवाई नहीं करे, इसका ख्याल रखें। 

By Admin

error: Content is protected !!