| सीसीएल कर्मी के निधन पर जताया शोक |
रामगढ़: आगामी 12 फरवरी को प्रस्तावित हड़ताल को लेकर संयुक्त मोर्चा ने मंगलवार को बलकुदरा माइंस पर पिट मीटिंग की। जिसमें विभिन्न श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधि और माइंस के कर्मी शामिल हुए। बैठक की अध्यक्षता लखेंद्र राय और संचालन संजय मिश्रा ने किया। बैठक के दौरान सर्वप्रथम बलकुदरा माइंस में कार्यरत सीसीएल कर्मी उमेंद्र कुमार के निधन पर शोक जताते हुए दो मिनट का मौन रख दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की गई। बताया गया कि हाजिरी बाबू के पद पर कार्यरत उमेंद्र कुमार काफी समय से बीमार चल रहे थे। बीते आठ फरवरी को मेडिका अस्पताल रांची में उनका निधन हो गया।
बैठक में आगे वक्ताओं ने चार लेबर कोड को मजदूर विरोधी कानून बताते हुए इसका पुरजोर विरोध किया। साथ ही आगामी 12 फरवरी को प्रस्तावित हड़ताल को सफल बनाने का आव्हान किया। वक्ताओं ने कहा कि मजदूरों की सुविधाओं में कटौती की जा रही है। पूंजीपतियों के हित में नये आउटसोर्सिंग माइंस खोले जा रहे हैं। कोल इंडिया जैसी बड़ी कंपनी को सीधे बेच पाना संभव नहीं है, इसलिए उसे छोटे-छोटे हिस्सों में तोड़कर बेचने की साजिश की जा रही है। अवसर पर कोल फील्ड मजदूर यूनियन के भुरकुंडा शाखा सचिव पप्पू सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार मजदूर विरोधी नीतियों को लागू कर कोयला उद्योग को निजीकरण की ओर धकेल रही है।श्रमिकों को अब अपनी नौकरी और अपने अधिकार को बचाने के लिए एकजुट होकर संघर्ष करने की जरूरत है।
मौके पर रमाकांत दुबे, संजय वर्मा, आशीष गुप्ता, अशोक राम, गणेश उरांव, शैलेंद्र सिंह, टुनटुन पांडेय, सत्यनारायण ठाकुर, राजेंद्र मुंडा, वासुदेव, अजीत कुमार कलाम अंसारी, टुपा भुईयां, जफर आलम, शीत दुसाध, भोला खरवार, शरीफ मियां, राजू मुंडा सहित कई मजदूर उपस्थित थे।
