शिविर लगाकर भूमिहिन परिवारों से जाति प्रमाण पत्र के लिए प्राप्त करें आवेदनः उपायुक्त
बोकारो: समाहरणालय स्थित सभागार में बैठक कर उपायुक्त विजया जाधव ने बुधवार को राजस्व संबंधित मामलों की समीक्षा की। बैठक में अपर समाहर्ता मो. मुमताज अंसारी, अनुमंडल पदाधिकारी बेरमो मुकेश मछुआ, जिला खनन पदाधिकारी रवि कुमार, सहायक उत्पाद आयुक्त उमाशंकर सिंह, जिला मत्स्य पदाधिकारी पी. भार्गवी, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी अविनाश कुमार सिंह समेत सभी अंचलाधिकारी (सीओ), राजस्व संबंधित विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
समीक्षा क्रम में उपायुक्त ने भूमिहिन परिवार के सदस्यों का जाति प्रमाण पत्र निर्गत करने को लेकर अंचलाधिकारियों को अंचल कार्यालय में आगामी तीन दिनों तक शिविर आयोजित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि अंचल कार्यालय ग्रामसभा आयोजित कर प्रावधान के अनुरूप ऐसे सभी आवेदनों को तय समय पर निष्पादन करेंगे।
वहीं, जिले में सक्सेशन म्यूटेशन और पार्टिशन म्यूटेशन (उत्तराधिकार/बंटवारानामा दाखिल – खारिज) का आंकड़ा संतोषजनक नहीं होने को लेकर उपायुक्त ने सभी अंचलों में शिविर लगाने का निर्देश दिया। इससे पूर्व, अंचलाधिकारियों को क्षेत्र में व्यापक प्रचार – प्रसार कराने को भी कहा।
उपायुक्त ने अंचलाधिकारियों को दाखिल–खारिज के प्राप्त आवेदनों के निष्पादन में तेजी लाने का निर्देश दिया। उन्होंने रद्द आवेदनों को स्पष्ट कारण के साथ रद्द करने को कहा। बेवजह – छोटी कारणों से किसी आवेदन को रद्द नहीं करेंगे। उन्होंने उत्तराधिकार/बंटवारा नामा के लंबित मामलों को निष्पादित करने को कहा।
वहीं उपायुक्त ने विभिन्न अंचल न्यायालयों/डीसीएलआर न्यायालयों में लंबित मामलों की भी सुनवाई करने, निष्पादित मामलों के आर्डर को आन लाइन अपलोड करने एवं नियमित रूप से अंचलाधिकारियों को अपने न्यायालय में निर्धारित दिन को मामलों की सुनवाई का निर्देश दिया। साथ ही, निष्पादित मामलों को आन लाइन अपलोड करने को कहा।
इसके साथ ही उन्होंने ने अंचल अधिकारियों को भू-मापी के मामलों को जल्द निष्पादन को कहा। उन्होंने 90 दिन, 60 दिन एवं 30 दिन तक लंबित आवेदनों की समीक्षा किया। प्रतिदिन भू-मापी का कार्य कराने एवं 90 – 60 दिन के लंबित मामलों को त्वरित निष्पादन को कहा।
राजस्व की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने लक्ष्य अनुरूप सभी विभागों को राजस्व संग्रह करने को कहा। उन्होंने अभी से ही माह वार लक्ष्य को निर्धारित करते हुए उसे अर्जित करने को कहा, ताकि वर्षिक लक्ष्य को आसानी से प्राप्त किया जा सकें। इसके साथ ही उन्होंने राजस्व संग्रहण को लेकर रणनीति तैयार कर कार्य करने के लिए निर्देशित किया।