रामगढ़: सीसीएल बरका-सयाल प्रक्षेत्र अंतर्गत सौंदा डी परियोजना में माइनिंग शुरू होने की सुगबुगाहट पर स्थानीय लोगों ने बैठक कर विरोध जताया है। सौंदा डी पंचायत भवन में रविवार को मुखिया उपेंद्र शर्मा की अध्यक्षता में बैठक हुई। जिसमें पंचायत में रहनेवाले विभिन्न श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधि और प्रबुद्ध लोग शामिल हुए।
बैठक के दौरान बताया गया कि माइनिंग कंपनी हिंदुस्तान पावर खनन कार्य शुरू करने के प्रयास में जुटी हुई है। जबकि माइनिंग से प्रभावित होनवाले स्थानीय लोगों के विभिन्न मुद्दों पर अबतक बात नहीं की गई है। बैठक में मौजूद लोगों ने एक स्वर में विरोध जताते हुए पहले बसाने और फिर उजाड़ने की मांग उठाई। कहा गया कि जल्द ही प्रबंधन से स्थानीय मुद्दों पर बात की जाएगी।
वहीं बताया जाता है कि बीते 16 फरवरी को सौंदा ‘डी’ परियोजना के सर्वे ऑफिस में एक बैठक हुई थी। जिसमें माइनिंग कंपनी के प्रतिनिधियों ने सीएसआर मद से स्थानीय स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र में जरूरी सुविधाएं बहाल करने की पेशकश की थी। जिससे माइनिंग की कवायद अब तेज होने का अनुमान लगाया जा रहा है। स्थानीय मुद्दों पर सार्थक बातचीत से पहले माइनिंग कंपनी से किसी प्रकार का सहयोग नहीं लेने का निर्णय लिया गया है। आनेवाले दिनों में विरोध के स्वर और भी तेज हो सकते हैं।
बैठक में अशोक शर्मा, दशरथ कुरमी, अनिल कुमार सिंह, संजय यादव, संजय भारती, डब्लू पांडेय, सुशील सिंह, नईम खान, राजगीरी चोधरी, जग्गू धासी, दशरथ सिंह यादव, गुरुदयाल ठाकुर, नरेंद्र कुमार, अरविंद ओझा, संजय कुमार, बिनोद सागर, अमरेश कुमार, संजय सिंह, उमेश साव, संतोष रजक, संजीत चौधरी, दीपक कुमार सहित अन्य शामिल थे।
