रामगढ़: पीवीयूएनएल के पतरातू सुपर थर्मल पावर प्रोजेक्ट के पहले चरण के तहत दूसरी 800 मेगावाट इकाई का सफलतापूर्वक सिंक्रोनाइजेशन मंगलवार को सुबह 10:30 बजे कर लिया गया। अवसर पर पीवीयूएनएल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी ए. के. सहगल, मुख्य महाप्रबंधक (परियोजना) अनुपम मुखर्जी, महाप्रबंधक (ओएंडएम) मनीष खेतरपाल, महाप्रबंधक (परियोजना) विष्णु दत्ता दास, महाप्रबंधक (मैंटेनेंस) ओ. पी. सोलंकी, महाप्रबंधक (कमीशनिंग) जोगेश चंद्र पात्रा, एचआर प्रमुख जियाउर रहमान सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
अवसर पर सीईओ ए. के. सहगल ने पीवीयूएनएल और बीएचईएल की टीमों द्वारा चुनौतियों का सामना करते हुए इस उपलब्धि को हासिल करने में किए गए अथक प्रयासों और समर्पण की सराहना की। वहीं अधिकारियों ने इसे टीमवर्क, सूक्ष्म योजना और समन्वय का परिणाम बताया। कहा गया कि यह झारखंड में ऊर्जा-सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
बताते चलें कि पहले चरण के तहत 800 मेगावाट की तीन यूनिट की स्थापित की जानी है। बीते मार्च 2025 में पहली यूनिट का सिंक्रोनाइजेशन किया गया था। मंगलवार को दूसरी यूनिट का सिंक्रोनाइजेशन सफलतापूर्वक होने के बाद कंपनी 800 मेगावाट की तीसरी यूनियन की कमीशनिंग में जुट जाएगी।
