| दोषी पुलिस अधीकारी को निलंबित कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग |
| सौंदा ‘डी’ में दिनभर रहा गहमागहमी का माहौल, पुलिस रही हलकान |
| विधायक रोशन लाल चौधरी और पूर्व विधायक अंबा प्रसाद ने जताई नाराजगी |
khabarcell.com
रामगढ़: भुरकुंडा ओपी में जयनगर (पतरातू) के दो व्यक्तियों की बर्बरतापूर्ण पिटाई का मामला प्रकाश में आया है। जिसे लेकर शनिवार को बड़ी संख्या में जयनगर से सौंदा ‘डी’ पहुंचे महिला-पुरुषों ने जमकर बवाल काटा। इसकी सूचना पर पहुंचे भुरकुंडा ओपी प्रभारी उपेंद्र कुमार को लोगों ने घेर लिया और नोंक-झोंक के बीच स्थिति घंटों तनावपूर्ण बनी रही। इस दौरान आक्रोशित लोगों ने बताया कि बीते दिनों सौंदा ‘डी’ में एक ही परिवार के दो ज्वेलरी दुकान देवरतन ज्वेलर्स और राजरतन ज्वेलर्स में चोरी हुई थी। जिसमें बिना आधार और सिर्फ दुकान संचालक के कहने मात्र से भुरकुंडा पुलिस ने गुरुवार की रात 11:बजे जयनगर से शाकिब अंसारी पिता मो. अली और दिलीप प्रजापति पिता गोविंद प्रजापति को उनके घर से उठा लिया और पूछताछ के लिए भुरकुंडा ओपी ले गई। जहां पुलिस कस्टडी में निर्मम तरीके से पिटाई करते हुए उन्हें यातना दी गई। शुक्रवार को पुलिस ने वापस उन्हें घर पहुंचा दिया। पुलिस की पिटाई से दोनों गंभीर रूप से घायल हैं। उन्हें रांची के कांके जनरल अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती कराया गया है।

ज्वेलरी दुकान संचालक के खिलाफ लोगों में दिखा गुस्सा
पुलिस कस्टडी में शाकिब अंसारी और दिलीप प्रजापति के साथ हुई मारपीट से आक्रोशित ग्रामीण शनिवार की सुबह सौंदा ‘डी’ पहुंचे। जहां देवरतन ज्वेलर्स और राजरतन ज्वेलर्स को बंद पाकर लोग हो- हंगामा करते हुए संचालको को खोजने लगे। ग्रामीणों ने कहा कि चोरी के मामले में किस साक्ष्य के आधार पर शाकिब अंसारी और दिलीप प्रजापति का नाम देकर दुकान संचालक ने पुलिस से पिटवाया है, यह जानने के लिए आए हैं। कहा कि चोरी के घटना के समय दिलीप और शाकिब जिंदल कंपनी में ड्यूटी पर थे।

ओपी प्रभारी के पहुंचते ही आक्रोशित लोगों ने घेरा
सौंदा ‘डी’ में हंगामे की सूचना पर पहुंचे भुरकुंडा ओपी प्रभारी उपेंद्र कुमार को लोगों ने घेर लिया और पिटाई का विरोध करते हुए बिफर पड़े। इस दौरान बहसबाजी होने लगी और गहमागहमी का माहौल बन गया। मामले की जानकारी पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी पतरातू गौरव गोस्वामी, पतरातू सर्किल इंस्पेक्टर सत्येंद्र कुमार, भदानीनगर ओपी प्रभारी अख्तर अली, बरकाकाना ओपी प्रभारी उमाशंकर वर्मा सदलबल पहुंचे और लोगों को काफी देर तक समझाने-बुझाने का प्रयास किया। वहीं लोग पुलिस अधीक्षक रामगढ़ को बुलाने और दोषी पुलिस अधिकारी को अविलंब निलंबित कर कानूनी कार्रवाई करने की मांग पर अड़ गए।
विधायक और पूर्व विधायक ने पुलिसिया दबंगई पर जताई नाराजगी
हंगामे की सूचना पर बड़कागांव विधायक रोशन लाल चौधरी, पूर्व विधायक अंबा प्रसाद के अलावे जिला परिषद सदस्य राजाराम प्रजापति सहित कई गणमान्य पहुंचे। जहां उन्होंने जयनगर के लोगों मामले की पूरी जानकारी ली। वहीं उन्होंने पुलिस कस्टडी में मार-पीट की निंदा करते हुए पुलिस अधिकारियों से उचित कार्रवाई करने की बात कही। ग्रामीणों ने प्रकरण के संबंध में पुलिस को ज्ञापन सौंपा। जिसके बाद मामला शांत हुआ। विधायक रोशन लाल चौधरी ने मीडिया से कहा कि पुलिस के द्वारा निर्दोष लोगों के साथ मारपीट करना निंदनीय है। पुलिस अधीक्षक से मांग है कि भुरकुंडा ओपी प्रभारी पर कड़ी कार्रवाई की जाए और पीड़ितों के इलाज का पूरा खर्च गलत जानकारी देने वाले दुकानदार और प्रतिनियुक्त पुलिस अधिकारी द्वारा वहन किया जाए। वहीं पूर्व विधायक अंबा प्रसाद ने कहा कि बिना किसी सबूत के दो लोगों को उठाकर पुलिस द्वारा ओपी में टॉर्चर किया गया है। पीड़ितों के परिजन करंट का शॉक दिए जाने की बात भी कह रहे हैं, जो जांच का विषय है। ग्रामीणों द्वारा पुलिस को आवेदन दिया गया है। अंबा प्रसाद ने आगे कहा कि पुलिस अधीक्षक रामगढ़ से फोन पर बात हुई है, उन्होंने जांच कर उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया है।
| पुलिस अधीक्षक के नाम सौंपा ज्ञापन
जयनगर के ग्रामीणों ने एसडीपीओ पतरातू को पुलिस अधीक्षक के नाम ज्ञापन सौंपा है। जिसमें मारपीट के दोषी पुलिस अधिकारी को निलंबित कर कानूनी कार्रवाई करने, पीड़ितों के इलाज का पूरा खर्च और उनके पूरी तरह स्वस्थ्य होने तक उनकी आजीविका और क्षतिपूर्ति का वहन पुलिस द्वारा किए जाने की मांग की गई है। |
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