All six accused in Rajiv Gandhi assassination case releasedAll six accused in Rajiv Gandhi assassination case released

नलिनी सहित सभी आरोपी रिहा

Khabarcell

भूतपूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की हत्या के आरोप में उम्र कैद की सजा काट रहे सभी छह आरोपियों को रिहा कर दिया गया है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद नलिनी समेत सभी जेल से रिहा कर दिये गये हैं। राजीव गांधी की हत्या 21 मई 1991 में तमिलनाडु के श्रीपेरंबुदूर में एक आत्मघाती बम धमाके में हुई थी।

आरोपियों की रिहाई के मामले में सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस बीआर गवई और जस्टिस बीवी नागरत्न की बेंच ने रिहाई का आदेश देते हुए कहा कि इनके केस में एक अभियुक्त ए.जी पेरारिवलन के मामले में दिया गया फैसला लागू होगा। कहा कि इन लोगों ने 30 साल जेल में बिताया है।

हत्याकांड के आरोपी नलिनी, रविचंद्रन, मुरुगन, संथन, जयकुमार, और रॉबर्ट पॉयस को रिहा किया गया है। ए.जी पेरारिवलन को इसी साल मई माह में आर्टिकल 142 के तहत रिहा किया गया था।

हत्याकांड में सभी आरोपियों की 31 साल बाद रिहाई

राजीव गांधी हत्याकांड में ट्रायल कोर्ट ने 26 लोगों को फांसी की सजा सुनाई थी। 1999 में सुप्रीम कोर्ट ने 19 लोगों को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। जबकि चार अभियुक्तों नलिनी, मुरुगन उर्फ श्रीहरन, संथन और पेरारिवलन को मौत की सजा और तीन आरोपियों रविचंद्रन, रॉबर्ट पायस और जयकुमार को उम्र क़ैद की सजा दी गई। आरोपी में राहत को लेकर अपील की।

दया याचिका पर 2014 में चारों आरोपियों की मौत की सजा को सुप्रीम कोर्ट उम्र कैद में तब्दील कर दिया। इस साल मई में पेरारिवलन की याचिका पर सुनवाई करते हुए अनुच्छेद 142 का हवाला देते हुए उसे रिहा कर दिया।

कोर्ट ने शुक्रवार को पेरारिवलन के मामले में दिए गए फैसले को अन्य सभी दोषियों पर लागू करते हुए रिहा  करने का आदेश दिया।

 

यह भी पढें: 

 

By Admin

error: Content is protected !!