रांची: मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की अवधि बढ़ाने को लेकर झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार को ज्ञापन सौंपा है। कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश अध्यक्ष केशव महतो कमलेश, उपाध्यक्ष डॉ. राजेश गुप्ता, सतीश पाल मुंजनी, महासचिव लालकिशोर नाथ शाहदेव, सूर्यकांत शुक्ला और संजय कुमार शामिल रहे। सौंपे गए ज्ञापन में दावा-आपत्ति और सुनवाई की अवधि कम से कम एक माह बढ़ाने का आग्रह किया गया है।

ज्ञापन में कहा गया है कि प्रारूप मतदाता सूची जारी होने के बाद नोटिस और सुनवाई की प्रक्रिया चल रही है, लेकिन कई मामलों में सुनवाई पूरी होना बाकी है। कांग्रेस ने अपने आकलन का हवाला देते हुए कहा कि धनबाद में 4,45,901 नोटिस के मुकाबले अब तक केवल 36,381 मामलों की ही सुनवाई पूरी हो पाई है। कांग्रेस नेताओं ने 15 अगस्त को ग्राम सभाओं में प्रारूप मतदाता सूची पढ़कर सुनाए जाने की पहल के लिए निर्वाचन विभाग का आभार जताते हुए इसे दोबारा कराने का सुझाव दिया, ताकि मतदाताओं को त्रुटियों की जानकारी मिल सके और वे समय पर आपत्ति दर्ज करा सकें।

पार्टी ने फॉर्म-7 से जुड़ी जानकारी को अधिक पारदर्शी बनाने की मांग करते हुए कहा कि प्राप्त कुल आवेदनों के साथ-साथ यह भी सार्वजनिक किया जाए कि किस राजनीतिक दल ने कितनी आपत्तियां दर्ज कराई हैं।साथ ही फॉर्म-6 के तहत नए मतदाताओं के नाम जोड़ने की समय-सीमा बढ़ाने का आग्रह किया गया। ज्ञापन के अनुसार 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके या 1 अक्टूबर 2026 तक 18 वर्ष पूरे करने वाले युवाओं के अब तक करीब 4.39 लाख आवेदन प्राप्त हुए हैं, जबकि पात्र युवाओं की संख्या इससे अधिक हो सकती है।

कांग्रेस ने मांग की कि फॉर्म-7 के तहत नाम हटाने से पहले आवेदनकर्ता और संबंधित मतदाता दोनों को व्यक्तिगत रूप से पक्ष रखने का अवसर दिया जाए, ताकि प्रक्रिया अधिक निष्पक्ष और स्पष्ट हो सके।