हथियार बरामदगी के क्रम में पुलिस पर की फायरिंग
• कुख्यात प्रिंस खान और सुजीत सिन्हा गैंग से जुड़े तार
• चार हथियार और पांच दर्जन से अधिक कारतूस बरामद
• छापेमारी अभियान में एक साथी भी गिरफ्तार
रामगढ़: भुरकुंडा थाना क्षेत्र अंतर्गत पुराने केंद्रीय विद्यालय के खंडहर में सोमवार की अहले सुबह पुलिस ने अपराधी शिवराज राम उर्फ शिवा का हाफ एनकाउंटर किया है। पुलिस के साथ हुई मुठभेड़ में अपराधी के पैर में गोली लगी है। घटना सुबह तकरीबन पांच बजे की बताई जाती है। मिली जानकारी के अनुसार रामगढ़ पुलिस ने रांची और धनबाद पुलिस के साथ संयुक्त रूप से छापेमारी अभियान चलाकर शिवा को गिरफ्तार किया। इसके उपरांत उसके द्वारा छिपाकर रखे गए हथियार बरामद करने के क्रम में शिवा ने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी फायरिंग कर उसे घायल करते हुए हिरासत में ले लिया। यहां से पुलिस ने दो पिस्टल और पांच दर्जन से अधिक जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। वहीं अभियान के क्रम में शिवा राम के एक अन्य सहयोगी को पकड़ा गया है। जिसके पास से भी दो हथियार बरामद हुए हैं, जो शिवा ने उसे रखने के लिए दिए थे।

रामगढ़ एसपी ने घटनास्थल का लिया जायजा, किया खुलासा
रामगढ़ एसपी मुकेश कुमार लुनायत ने मुठभेड़ पर खुलासा करते हुए बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि हाल में जेल से बाहर निकाला अपराधी शिवराज राम उर्फ शिवा ने चार हथियार खरीदे हैं और किसी बड़ी घटना को अंजाम देने की फिराक में है। रांची और धनबाद पुलिस से भी इससे संबंधित सूचनाएं मिल रही थीं। जिसपर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी पतरातू राघवेंद्र शर्मा के नेतृत्व में रविवार की रात रांची पुलिस और धनबाद पुलिस ने संयुक्त रूप से छापेमारी अभियान चलाकर अपराधी शिवा को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ किया। जिसमें उसने हाल में ही चार हथियार और कारतूस खरीदने की बात कबूली। उसने पुलिस को बताया कि दो हथियार उसने अपने एक साथी के पास रखा था। जबकि दो हथियार और कारतूस रिवर साइड के पुराने केंद्रीय विद्यालय के भवन में छिपाकर रखा है। हथियार बरामदगी के क्रम में पुलिस अपराधी को लेकर पुराने केंद्रीय विद्यालय भवन में पहुंची। जहां हथियार निकालने के क्रम में शिवा ने पुलिस पर फायरिंग करते हुए भागने का प्रयास करने लगा। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने उसके पैर में गोली मारी। जिससे वह घायल हो गया। घायलावस्था में उसे सीसीएल अस्पताल भुरकुंडा ले जाया गया। जहां से उसे सदर अस्पताल रामगढ़ रेफर कर दिया गया। एसपी ने बताया कि शिवा राम पूर्व में श्रीवास्तव गैंग और राहुल दुबे गैंग के लिए काम कर रहा था। इधर, वह प्रिंस खान और सुजीत सिन्हा गिरोह के संपर्क में है। उसपर कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं और पूर्व में भी जेल जा चुका है। हाल ही में 14 मई को वह जेल से बाहर आया है।

तीन महीने के अंदर भुरकुंडा में दूसरा हाफ एनकाउंटर
भुरकुंडा में लगभग तीन महीने के अंदर हाफ एन्काउंटर का यह दूसरा मामला है। इससे पूर्व बीते 5 अप्रैल को सौंदा दोमुहान क्षेत्र गोलियों की तड़तड़ाहट से गूंजा उठा था। यहां पुलिस के हाफ एन्काउंटर में गिद्दी निवासी अपराधी सन्नी सिंह पैर में गोली लगी थी। पुलिस का वाहन भी क्षतिग्रस्त हुआ था। घायलावस्था में अपराधी को कस्टडी में लेकर इलाज के लिए भेजा गया था। इधर, तीन महीने के अंतराल पर हुए दूसरे एन्काउन्टर से क्षेत्र में हड़कंप सा मच गया है।
सीसीएल क्षेत्र अपराधियों के लिए बना सेफ जोन, दहशत में लोग
कोयलांचल क्षेत्र में बढ़ते आपराधिक मामले और अवैध कारोबार से साफ है कि सीसीएल क्षेत्र अपराधियों के लिए उम्दा पनाहगाह और सेफ जोन बन गया है। जहां आसपास के ग्रामीण क्षेत्र में संदिग्ध गतिविधियां न के बराबर और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत दिखती है। वहीं सीसीएल क्षेत्र में अपराध और अवैध कारोबार सुर्खियां बनी रहती है। गाहे-बगाहे घटित होती आपराधिक घटनाओं से असुरक्षा के हालात और दहशत की स्थिति बनी रहती है। सीसीएल के हजारों क्वार्टरों में अवैध रूप से रह रहे लोगों के संबंध में कंपनी प्रबंधन तक के पास सटीक जानकारी नहीं है। क्षेत्र की सुरक्षा और विधि-व्यवस्था से स्थानीय प्रबंधन को कोई सरोकार भी है, ऐसा लगता नहीं है। पूर्व में तात्कालिक एसपी पीयूष पांडेय ने एक प्रेसवार्ता के क्रम में कहा था कि सीसीएल के क्वार्टरों में रह रहे गैर- सीसीएल कर्मियों के संबंध में पूरा वेरिफिकेशन कराते हुए रिपोर्ट मंगाई जाएगी। रिपोर्ट का क्या हुआ और आगे क्या कदम उठाए गए, यह अब तक साफ नहीं हो सका है।
