| लोकल से ग्लोबल हुए गोला और दुलमी में उत्पादित आम |
| “बिरसा हरित ग्राग योजना” से लहलहाए ‘अम्रपाली’ के बाग |
रामगढ़: जिले के गोला और दुलमी के किसानों द्वारा उत्पादित आमों की पहुंच लोकल से ग्लोबल मार्केट तक हो गई है। रामगढ़ के रसीले आमों का स्वाद अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी लिया जाएगा। जिला प्रशासन ने गुरुवार को ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करते हुए 4000 किलोग्राम पैकेज्ड आम की पहली खेप अंतरराष्ट्रीय बाजार (दुबई) के लिए भेज दिया है। समाहरणालय परिसर से उपायुक्त ऋतुराज राज ने विधिवत हरी झंडी दिखाकर वाहनों को रवाना किया।

इस उपलब्धि पर खुशी जाहिर करते हुए उपायुक्त ऋतुराज ने कहा जो भूमि कभी बंजर और अनुपयोगी समझी जाती थी, आज ‘बिरसा हरित ग्राम योजना’ से वह लहलहा रही है। जिला प्रशासन और मनोन्नति महिला किसान के तकनीकी सहयोग और मार्गदर्शन से हमारे किसानों ने पौधा लगाने से लेकर अंतरराष्ट्रीय बाजार से अच्छा मुनाफा कमाने तक का सफर तय किया है। यह हमारे जिले और राज्य के लिए गर्व का विषय है।
उन्होंने कहा कि वैश्विक बाजार की मांग और अंतरराष्ट्रीय मानकों को ध्यान में रखते हुए आमों की उच्च स्तरीय ग्रेडिंग और आकर्षक पैकेजिंग की गई है ताकि बाजार में इसकी अच्छी कीमत मिल सके ।लोकल से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सीधे बाजार तक पहुंच मिलने से महिला किसानों की आय में सीधे तौर पर भारी वृद्धि होगी।
वहीं इस सराहनीय प्रयास के लिए लाभुक किसानों एवं मनोन्नति महिला किसान प्रोड्यूसर कंपनी की दीदियों ने हर्ष व्यक्त करते हुए माननीय मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन, राज्य सरकार और जिला प्रशासन का आभार व्यक्त किया है।
बताया जाता है कि ये आम जिले के दुलमी और गोला प्रखंड के किसानों द्वारा उत्पादित किया गया है, जिसे ‘रामगढ़ झारखंड अम्रपाली’ ब्रांड नेम से वैश्विक स्तर के बाजारों से जोड़ा जा रहा है। अभियान में डीआरडीबी मनरेगा टीम और मनोन्नति महिला किसान प्रोड्यूसर कंपनी ने सराहनीय भूमिका निभाई है।
मौके मुख्य रूप से उप विकास आयुक्त आशीष अग्रवाल, प्रभारी पदाधिकारी (गोपनीय शाखा) रविंद्र कुमार गुप्ता, प्रभारी पदाधिकारी (सामान्य शाखा) रीना कुजूर, जिला योजना पदाधिकारी संतोष भगत, परियोजना पदाधिकारी अनुजा राणा, फणींद्र कुमार गुप्ता, अजीत कुमार, सहायक सांख्यिकी पदाधिकारी (मनरेगा) विजय कुमार सहित अन्य प्रगतिशील महिला किसान उपस्थित थे।
