हेमंत सरकार से जनता त्रस्त, उखाड़ फेंकने की करें तैयारी : सुदेश
रांची: आजसू पार्टी ने रविवार को स्थापना दिवस ’बलिदान दिवस’ के रूप में मनाया। केंद्रीय स्तर पर मुख्य समारोह खेलगांव के हरिवंश टाना भगत इनडोर स्टेडियम में आयोजित किया गया। जिसका उद्घाटन केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश महतो, केंद्रीय उपाध्यक्ष सह सांसद चंद्रप्रकाश चौधरी, विधायक निर्मल महतो, मंत्री रामचंद्र सहिस, पूर्व विधायक डॉ लंबोदर महतो सहित पार्टी के वरीय नेताओं ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। अवसर पर शहीदों को श्रद्धांजलि दी गई। इसके साथ ही स्टेडियम में रक्तदान शिविर भी लगाया गया। समारोह में झारखंड के 24 जिलों एवं 264 प्रखंडों से कार्यकर्ता भाग लेने पहुंचें। सभी जिलों तथा प्रखंडों में व्यापक तैयारी की गई थी।वहीं पश्चिम बंगाल के मेदिनीपुर, पुरुलिया और ओडिशा के कई इलाकों रायरंगपुर, बारीपाडा आदि से भी कार्यकर्ता पहुंचे।
समारोह को केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश महतो, केंद्रीय उपाध्यक्ष सह सांसद चंद्रप्रकाश चौधरी, विधायक निर्मल महतो, मंत्री रामचंद्र सहिस, पूर्व विधायक डॉ लंबोदर महतो, मुख्य प्रवक्ता डॉ देवशरण भगत, झारखंड आंदोलनकारी प्रवीण प्रभाकर, डोमन सिंह मुंडा, संजय बसु मल्लिक, हसन अंसारी, राजेंद्र मेहता, हरेलाल महतो, बादल महतो, नजरुल हसन हाशमी, यशोदा देवी, जिप अध्यक्ष श्रीमती निर्मला भगत, संजय मेहता, बबलू महतो, टिकैत महतो समेत कई नेताओं ने संबोधित किया।
केंद्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व उपमुख्यमंत्री सुदेश महतो ने स्थापना दिवस समारोह में कहा है कि झामुमो ने झारखंड आंदोलन की सौदेबाजी की, जबकि आजसू ने संघर्ष किया। आजसू ने 1986 से 2000 तक सांसद–विधायक बनाए बिना संघर्ष किया। सुदेश महतो ने कहा है कि हेमंत सरकार जनता के अधिकारों की डकैती में जुटी है। जनता इस सरकार से मात्र छह माह में ही त्रस्त हो चुकी है। आजसू कार्यकर्ता हेमंत सरकार को उखाड़ फेंकने की तैयारी करें। कहा कि केंद्र सरकार द्वारा जाति जनगणना की घोषणा का आजसू स्वागत करती है। हमारी मांग है कि जाति के आधार पर आरक्षण दिया जाए।
उन्होंने कहा कि आजसू ने झारखंड के लिए संघर्ष किया और तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपाई ने अलग राज्य निर्माण किया। आज राज्य में समूचा तंत्र जनता को धमकाने में लगा है। जमीन के नाम पर सारा अपराध हो रहा है। एक जमीन की छह बार रजिस्ट्री हो रही है और सीओ तथा थाना फर्जी करने वालों के पक्ष में वास्तविक मालिक को प्रताड़ित करते हैं। इस सरकार को जनता की कोई चिंता नहीं है।